तो इस वजह से बढ़ा भारत में विदेशी पूंजी निवेश

Sep 03, 2022 Off By Fry

प्रतीकात्मकतस्वीर

भारतनेअपनीनीतियोंमेंमईसेएफडीआई,शुल्कऔरसीमाशुल्कप्रक्रियाओंमेंउल्लेखनीयबदलावकिएहैं,जिससेभारतीयबाजारमेंअमेरिकाव्यापारऔरनिवेशकीपहुंचबढ़ीहै।यहबातएकसंघीयआयोगनेकही।

एकसंसदीयसमितिकेअनुरोधपरअमेरिकीअंतरराष्ट्रीयव्यापारआयोग(यूएसआईटीसी)नेकहाकिनरेंद्रमोदीकेप्रधानमंत्रीबननेकेबादसरकारनेप्रत्यक्षविदेशीनिवेश(एफडीआई),शुल्कऔरसीमाशुल्कप्रक्रियाओं,स्थानीयसामग्रीऔरस्थानीकरणतथामानकोंएवंतकनीकीनियमनोंकेसंबंधमेंअपनीनीतियोंमेंउल्लेखनीयबदलावकिएहैं।

यूएसआईटीसीनेगुरुवारकोजारीरिपोर्टमेंकहाकिमई2014सेभारतनेबीमाएवंरक्षाउद्योगोंमेंबीमासीमाबढ़ाईहै,विभिन्नउद्योगोंमेंनिवेशपूर्वमंजूरीकीअनिवार्यताहटीहैऔररेलवेउद्योगकेकुछहिस्सोंमेंएफडीआईकीमंजूरीमिलीहै।यूएसआईटीसीनेसंसदकोअपनीजांचरिपोर्टमेंकहा'इनबदलावोंसेभारतकोकुलनिवेशप्रणालीसुधारनेमेंमददमिलीहै।'